About Me

My Photo
Greater Noida/ Sitapur, uttar pradesh, India
Editor "LAUHSTAMBH" Published form NCR.

हमारे मित्रगण

विजेट आपके ब्लॉग पर

Thursday, April 5, 2012

(147) ज़िंदगी इम्तिहान है यारों

ज़िंदगी रोज नया  इम्तिहान  है  यारों /
कभी जमीं तो कभी आसमान है यारों /

कभी हंसाती , कभी बारहा रुलाती है  ,
ज़िंदगी रूह का अदना मकाम है यारों /

कभी ये बजती है सरगम में, सात सुर में कभी ,
मगर  कभी  ,  ये  बेसुरी  सी  तान  है  यारों  /

ज़िंदगी तल्खियों भरी हो , फिर भी जीना है ,
अज़ीज़   जान  से  ज्यादा  , ये जान है यारों  /

ज़िंदगी तेरे बिना , कोई नियामत भी नहीं  ,
ज़िंदगी है ,  तो ये  सारा  जहान  है  यारों  /

                                  - एस. एन. शुक्ल 

47 comments:

Anupama Tripathi said...

जिंदगी पर सच्ची शायरी ...
बहुत सुंदर..!
शुभकामनायें ...!!

डा. अरुणा कपूर. said...

जिंदगी!...कभी हँसाती है, तो कभी रुलाती है!...बहुत सुन्दर रचना!....आभार!

पंछी said...

bahut khoob
Welcome To New Post:
बलि

expression said...

बहुत बहुत सुन्दर सर..............

बेहतरीन शायरी....
लाजवाब शेर...
सादर.
अनु

वन्दना said...

्वाह शुक्ल जी गज़ब कर दिया ज़िन्दगी को परिभाषित कर दिया

परमजीत सिहँ बाली said...

वाह! क्या बात है जी....बहुत बढिया शायरी।बधाई स्वीकारें।

कुमार said...

जिंदगी की खुली किताब सी लगी आपकी ये रचना .. बहुत सुन्दर...

dheerendra said...

बहुत सुंदर शायरी ,बेहतरीन पोस्ट,....


MY RECENT POST...फुहार....: दो क्षणिकाऐ,...

ईं.प्रदीप कुमार साहनी said...

उम्दा रचना |

प्रवीण पाण्डेय said...

वाह, सबको इससे होकर गुजरना है।

S.N SHUKLA said...

Anupama ji,
Dr. Aruna Kapoor ji,
Panchhi ji,
आभार आपके स्नेह का.

S.N SHUKLA said...

Anu ji,
Vandana ji,
Bali ji,

आप मित्रों से इसी स्नेह की अपेक्षा रही है.

S.N SHUKLA said...

Kumar ji,
Dhirendra ji,
.
आभार आपका.

S.N SHUKLA said...

Pradeep ji,
Pravin Pandey ji,

शुभकामनाओं के लिए धन्यवाद.

संगीता स्वरुप ( गीत ) said...

खूबसूरत गजल ज़िंदगी के नाम

यशवन्त माथुर (Yashwant Mathur) said...

बहुत ही बढ़िया सर!


सादर

यशवन्त माथुर (Yashwant Mathur) said...

कल 07/04/2012 को आपकी यह पोस्ट नयी पुरानी हलचल पर लिंक की जा रही हैं.आपके सुझावों का स्वागत है .
धन्यवाद!

यशवन्त माथुर (Yashwant Mathur) said...

कल 07/04/2012 को आपकी यह पोस्ट नयी पुरानी हलचल पर लिंक की जा रही हैं.आपके सुझावों का स्वागत है .
धन्यवाद!

udaya veer singh said...

क्या बात है ,मुखर अनुभूतियाँ , सुन्दर भाव की उपस्थिति बोधगम्य काव्य ,प्रेरणा लिए बधाईयाँ जी /

Vishaal Charchchit said...

एक बेहतरीन ग़ज़ल !!!

Meeta said...

Zindagi rooh ka adna makaam hai yaaro ... bahut khoobsoorat !!

वृजेश सिंह said...

बहुत-बहुत स्वागत।

lokendra singh rajput said...

बेहतरीन शुक्ल जी... हनुमान जयंती की शुभकामनाएं...

Saras said...

ज़िन्दगी रूह का अदना मकान है यारों ..सच कहा !

मनोज कुमार said...

ज़िन्दगी इम्तहान तो है ही और इससे पार भी पाना होता है, यहां द्रॉप करने से काम नहीं चलता।

Santosh Kumar said...

नहुत सुन्दर गजल..बड़े ही अच्छे भाव प्रस्तुत किये आपने.. बधाई!

ऋता शेखर मधु said...

बेहतरीन!

Onkar said...

bahut sundar

Kewal Joshi said...

वाह! क्या बात है .... बढिया शायरी... बधाई.

Dr. sandhya tiwari said...

jindgi ke prati jindadil najriya

Brijendra Singh... (बिरजू, برجو) said...

वाह..बेहद सुंदर रचना सर :)

Maheshwari kaneri said...

बस जिन्दरी ऐसी ही है ..बहुत सुन्दर अभिव्यक्ति..

dheerendra said...

ज़िंदगी तेरे बिना , कोई नियामत भी नहीं ,
ज़िंदगी है , तो ये सारा जहान है यारों /
वाह!!!!!!बहुत सुंदर रचना,
शुक्ल जी बहुत अच्छी प्रस्तुति..बधाई

MY RECENT POST...काव्यान्जलि ...: यदि मै तुमसे कहूँ.....

S.N SHUKLA said...

Sangita ji,
Yashavant ji,

aapase isee sneh kee apekshaa hameshaa rahee hai.

S.N SHUKLA said...

Uday veer Singh ji,
Vishal ji,
Meeta ji,

aap mitron kee shubhakaamanaaon kaa hriday se aabhaar.

S.N SHUKLA said...

Brijesh Singh ji,
blog par padhaarane aur samarthan pradaan karane kaa aabhaar.

S.N SHUKLA said...

Lokendra ji,
Saras ji,
Manoj ji,

aap mitron kee shubhakaamanaaon kaa hriday se aabhaar.

S.N SHUKLA said...

Santosh kumar ji,
Madhu ji,

aapase isee sneh kee apekshaa rahee hai.

S.N SHUKLA said...

Onkar ji,
blog par padhaarane kaa aabhaar.

S.N SHUKLA said...

Kewal joshi ji,
Sandhya Tiwari ji,
Brijendra ji,

aap snehion kaa samarthan nav srijan kee prernaa detaa hai.

S.N SHUKLA said...

Maheshwari Kaneri ji,
Dheerendra ji,

aap mitron kee shubhakaamanaaon kaa hriday se aabhaar.

Vaanbhatt said...

जान है तो जहान है...हंसाये या रुलाये पर ये ख़ुदा की एक नियामत है...

mahendra verma said...

बहुत सुंदर ग़ज़ल लिखी है आपने।

जिंदगी है तो सारा जहान है...बिल्कुल सही।

S.N SHUKLA said...

Vaanbhatt ji,
Mahendra Verma ji,
शुभकामनाओं का बहुत- बहुत आभार.

Naveen Mani Tripathi said...

gajal ka hr sher lajabab ...badhai sweekaren shukl ji

S.N SHUKLA said...

Tripathi ji,

स्नेह और शुभकामनाएं मिलीं, धन्यवाद.

आशा जोगळेकर said...

कभी सरगम तो कभी बेसुरी सी है यारों ।
कितनी सच्ची गज़ल ।